तेरे बिन, तेरे बिन – Tere Bin (Wazir)



फ़िल्म/एल्बम: वज़ीर (2015)
संगीतकार: शांतनु मोइत्रा
गीतकार: विधु विनोद चोपड़ा
गायक/गायिका: सोनू निगम, श्रेया घोषाल


तेरे बिन, तेरे बिन
तेरे बिना मरना नहीं
जीना नहीं तेरे बिन
तेरे बिन…

बावरी पिया, लागे ना जिया
देखो मेरा मन, जलता दीया
जलता दीया, बुझे ना पिया
बुझे ना पिया, जलता दीया
तेरे बिना मरना नहीं
जीना नहीं तेरे बिन
तेरे बिन…

Advertisements

शाम शानदार – Shaam Shaandaar (Shaandaar)



फ़िल्म/एल्बम: शानदार (2015)
संगीतकार: अमित त्रिवेदी
गीतकार: अमिताभ भट्टाचार्य
गायक/गायिका: अमित त्रिवेदी


सर झुका के, कर सलाम है
शाम शानदार
आसमां से आ गिरी है
शाम शानदार

चक दे अंधेरा, चांद जला दे
बल्ब बना के
फ़िक्र ना करियो, करना भी क्या है
बिजली बचा के
सरेआम पिला ख़ुशी के जाम शानदार
आसमां से आ गिरी ये शाम शानदार

जज़्बात के चिल्लर, को नोट बना के
मेहंदी रात पे खुल के लूटा
चिंगारियों को, विस्फोट बना के
अय्याशी के तू रॉकेट छुड़ा
कैसा डर, तू कर गुज़र, ये काम शानदार
आसमां से आ गिरी ये शाम शानदार
ये शाम शानदार…

बचपन कहाँ – Bachpan Kahan

Film/Album: प्रेम रतन धन पायो (2015)
Music: हिमेश रेशमिया
Lyrics: इरशाद क़ामिल
Singers: हिमेश रेशमिया



सपनों का वो आँगन कहाँ
दर्पण बता बचपन कहाँ
सीधा सरल था जीवन जहाँ दर्पण बता बचपन कहाँ
सपनों का वो…

भाई से यारी, बहनों से मस्ती
उड़ती पतंगों जैसा था मन
जितने थे रिश्ते, सारे थे मन के
उनमें न उलझन, ना थी जलन
होती ना थी अनबन जहाँ
दर्पण बता…

खाने की चिंता, सोने की फिक्रें
होती भी थी तो, होती थी कम
खुशियाँ जुड़ी थी खिलौनों से अपनी
ख़बर ही ना थी क्या होता है ग़म
पावन थे सब बंधन जहाँ
दर्पण बता…

आज उनसे कहना है – Aaj Unse Kehna Hai

Film/Album: प्रेम रतन धन पायो (2015)
Music: हिमेश रेशमिया
Lyrics: इरशाद क़ामिल
Singers: पलक मुछाल, शान, ऐश्वर्या मजुमदार




नाचन लाग्यो रे बैरागी मन
अरे भागन लाग्यो रे बैरागी मन

है साथ आये वो, मन में समाये वो
उनके जो भाये, वो हम लेंगे
है जान से प्यारे, साजन जी हमारे
उनके लिए कुछ भी कर देंगे

थोड़ा मीठा-तीखा लेते चलें
जो उनको पसंद हो लेते चलें
थोड़ी गुंजिया-वुंजिया लेते चलें
थोड़ी बर्फी-वर्फी लेते चलें
आज उनसे कहना है हमें
आज उनसे कहना है हमें

प्रेम रतन धन पायो…

गेरुआ – Gerua (Dilwale)

Film/Album: दिलवाले (2015)
Music: प्रीतम चक्रवर्ती
Lyrics: अमिताभ भट्टाचार्य
Singers: अरिजीत सिंह, अन्तरा मित्रा




धूप से निकल के, छाँव से फिसल के
हम मिले जहाँ पर, लम्हा थम गया
आसमां पिघल के, शीशे में ढल के
जम गया तो तेरा, चेहरा बन गया
दुनिया भुला के, तुमसे मिला हूँ
निकली है दिल से ये दुआ
रंग दे तू मोहे गेरुआ
राँझे की दिल से है दुआ
रंग दे तू मोहे गेरुआ
हाँ निकली है दिल से ये दुआ
हो रंग दे तू मोहे गेरुआ

हो तुमसे शुरू तुमपे फ़ना
है सुफियान ये दास्तां
मैं कारवां, मंज़िल हो तुम
जाता जहाँ को हर रास्ता
तुमसे जुड़ा जो, दिल ज़रा संभल के
दर्द का वो सारा, कोहरा छन गया
दुनिया भुला के, तुमसे मिला हूँ
निकली है दिल से ये दुआ
रंग दे तू मोहे गेरुआ
हो राँझे की दिल से है दुआ
रंग दे तू मोहे गेरुआ

हो वीरान था, दिल का जहां
जिस दिन से तू दाखिल हुआ
इक जिस्म से, इक जान का
दर्ज़ा मुझे हासिल हुआ
हाँ फीके हैं सारे, नाते जहां के
तेरे साथ रिश्ता गहरा बन गया
दुनिया भुला के तुमसे मिला हूँ
निकली है दिल से ये दुआ
रंग दे तू मोहे गेरुआ
राँझे की दिल से है दुआ
रंग दे तू मोहे गेरुआ…