गीत गाता चल ओ साथी गुनगुनाता चल – Geet Gaata Chal O Saathi

Full Song


फ़िल्म – गीत गाता चल (1975)
गायक/गायिका – जसपाल सिंह
संगीतकार – रवींद्र जैन
गीतकार – रवींद्र जैन
अदाकार – सचिन


गीत गाता चल ओ साथी गुनगुनाता चल
ओ बन्धू रे…
हंसते हंसाते बीते हर घड़ी हर पल
गीत गाता चल …

खुला खुला गगन ये हरी भरी धरती
जितना भी देखूँ तबियत नहीं भरती
सुन्दर से सुन्दर हर इक रचना
फूल कहे काँटोँ से भी सीखो हँसना
ओ राही सीखो हँसना,
ओ राही रे
कुम्हला न जाए कहीं मन तेरा कोमल,
गीत गाता …

चाँदी सा चमकता ये नदिया का पानी रे
पानी की हर इक बूंद देती ज़िन्दगानी
अम्बर से बरसे ज़मीन पे गिरे
नीर के बिना हो भैया काम ना चले
ओ भैया काम ना चले,
ओ मेघा रे
जल जो न होता तो ये जग जाता जल,
गीत गाता …

कहाँ से तू आया और कहाँ तुझे जाना है
खुश है वही जो इस बात से बेगाना है
चल चल चलती हवाएं करें शोर
उड़ते पखेरू खींचे मनवा की डोर
ओ खींचे मनवा की डोर,
ओ पंछी रे
पंछियों के पंख लेके हो जा तू ओझल,
गीत गाता …

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